देश के प्रति प्यार ने छोड़वाई विदेशी नौकरी,कड़ी मेहनत और परिश्रम से पहली बार में निकाली UPSC

saumya agarwal success story

कई लोग विदेश में पढ़ाई और नौकरी के लिए भारत में मिलने वाले बेहतर अवसर भी ठुकरा देते हैं. लेकिन हमारे आस-पास कुछ ऐसे उदाहरण भी हैं, जिन्होंने विदेश की अच्छी नौकरी छोड़कर भारत में जनसेवा का ऑप्शन चुना.

Saumya Agarwal IAS
देश सेवा के जज्बे ने छुड़वाई विदेशी नौकरी

कई आईएएस अफसर लंदन-अमेरिका की नौकरी छोड़कर सिविल सर्विस में अपनी कामयाबी का परचम लहरा रहे हैं. आईएएस सौम्या अग्रवाल भी उनमें शामिल हैं.

यहाँ से हुई सौम्या की पढाई 

बीते 2-3 दिनों में उत्तर प्रदेश में कई IAS अफसरों के ट्रांसफर हुए हैं| बलिया की डीएम सौम्या अग्रवाल को बरेली मंडल का प्रभारी आयुक्त बनाया गया है| इनकी गिनती उत्तर प्रदेश की तेजतर्रार महिला आईएएस अफसरों में की जाती है|

सौम्या अग्रवाल का बचपन यूपी की राजधानी लखनऊ में बीता है| उन्होंने वहीं के सेंट मैरी कॉन्वेंट स्कूल से 12वीं तक की पढ़ाई की है| वह साइकिल से स्कूल जाती थीं| उनके पिता ज्ञानचंद अग्रवाल रेलवे में सिविल इंजीनियर थे|

Saumya Agarwal IAS
पहले प्रयास में निकाली UPSC

सौम्या अग्रवाल की आईएएस की शिक्षा

आईएएस सौम्या अग्रवाल ने दिल्ली यूनिवर्सिटी से सॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग की डिग्री हासिल की है| तब तक भी वह पढ़ाई को लेकर ज्यादा गंभीर नहीं थीं| फिर 2004 में पुणे की एक निजी कंपनी में बतौर सॉफ्टवेयर इंजीनियर नौकरी की|

Saumya Agarwal IAS

कंपनी ने कुछ महीनों बाद ही एक प्रोजेक्ट के लिए उन्हें लंदन भेज दिया| सौम्या अग्रवाल ने दो सालों तक लंदन में नौकरी की और फिर अपने देश वापस आ गईं|

सौम्या अग्रवाल की आईएएस परीक्षा की रैंक

सौम्या ने लंदन में रहते हुए अपने पिता से फोन पर पूछा था कि भारत में सबसे उच्च स्तर की नौकरी कौन सी है| तब उनके पिता ने उन्हें आईएएस के बारे में बताया था| भारत आकर सौम्या अग्रवाल ने लखनऊ में रहते हुए सिविल सर्विसेज में जाने का मन बना लिया था|

Saumya Agarwal IAS
24वीं रैंक के साथ यूपीएससी परीक्षा पास कर ली थी

इस बीच उन्होंने 3 महीने तक दिल्ली की एक कोचिंग से गाइडेंस भी लिया था| एक साल की कड़ी मेहनत के बाद उन्होंने पहले ही प्रयास में 24वीं रैंक के साथ यूपीएससी परीक्षा पास कर ली थी (UPSC Exam)|

रोचक है इनकी कहानी 

साल 2008 में नवनियुक्त आईएएस सौम्या अग्रवाल ने कानपुर मेंं एसडीएम का कार्यभार संभाल लिया था. सौम्या अग्रवाल के दादाजी पीसी अग्रवाल पीडब्ल्यूडी में नौकरी करते थे.

Saumya Agarwal IAS
जिंदगी में एक बार यूपीएससी परीक्षा जरूर देनी चाहिए

वह हमेशा कहते थे कि जिंदगी में एक बार यूपीएससी परीक्षा जरूर देनी चाहिए. अपने परिवार से सौम्या पहली सिविल सर्वेंट हैं.