घर से पढ़ाई करते हुए किसान की बेटी ने पास की SI की परीक्षा, पहले ही प्रयास में बनी दरोगा
कहते हैं कि सच्ची लगन एवं मेहनत के बूते किसी भी लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है, मन में अगर कुछ कर गुजरने की चाह हो तो बड़े से बड़े मुकाम को हासिल किया जा सकता है। कुछ ऐसा ही चरितार्थ किया है मुजफ्फरपुर जिले के एक छोटे से गांव की रहने वाली किसान की बेटी शिम्पी कुमारी ने।
पूरे गांव में ख़ुशी का माहौल
मध्यम वर्गीय परिवार से ताल्लुक रखने वाली शिम्पी ने बिहार दारोगा भर्ती परीक्षा में सफल होकर न सिर्फ अपने परिवार बल्कि पुरे गांव का नाम रौशन किया है। मेरिट लिस्ट का प्रकाशन होते ही पूरे परिवार में खुशियों की लहर दौड़ गई है और आसपास के इलाके में हर्ष का माहौल है।
मुज़फ्फरपुर जिले के मुसहरी प्रखंड अंतर्गत डुमरी गांव के निवासी अनिल कुमार जी अपनी एक दुकान के साथ साथ किसानी का काम करते है। बेटी के इस रिजल्ट से वह काफी खुश है। उन्होंने बताया कि उनकी बेटी ने शुरूआती शिक्षा से लेकर ग्रेजुएशन तक पढाई घर से ही की है और तैयारी भी घर पर रहते हुए ही किया।
पहले ही प्रयास में मिली सफलता
मीडिया से बात करते हुए शिम्पी ने बताया की उसे शुरू से ही पुलिस विभाग में जाने की इच्छा थी, हालाँकि उन्होंने कई अन्य परीक्षाओं में भी प्रयास किया लेकिन सफलता हाथ न लगी। अंततः शिम्पी ने अपने पहले ही प्रयास में दरोगा परीक्षा में बाजी मार ली।
मालूम हो कि बीतें दिनों बिहार पुलिस अधीनस्थ सेवा आयोग (BPSSC) ने सब-इंस्पेक्टर (SI) या दरोगा और सार्जेंट के पद के लिए आयोजित शारीरिक पात्रता परीक्षा (पीईटी) के परिणाम की घोषणा कर दी है। जारी किए गए रिजल्ट के अनुसार, बिहार दरोगा फिजिकल 2022 में कुल 2213 उम्मीदवारों का चयन किया गया है।
कुल 2213 उम्मीदवारों का चयन
आपको बता दें कि यह भर्ती परीक्षा बिहार पुलिस में एसआई के 1998 और सार्जेंट के 215 पोस्ट के लिए थी, फाइनल रिजल्ट के बाद एसआई पद के लिए 1998 कैंडिडेट्स और सार्जेंट पदों के लिए 215 उम्मीदवारों का सिलेक्शन हुआ है। सिलेक्ट किए गए कैंडिडेट्स में 1256 पुरुष और 742 महिलाएं हैं. वहीं सार्जेंट पद के लिए 131 पुरुष व 84 महिला शामिल हैं।

