कुमार विश्वास ने बिहार में किया कमाल, एक ही दिन में खोले गए कई विश्वास कोविड केयर सेंटर
देशभर में कोरोना महामारी के विरुद्ध चल रहे जंग में कई सरकारी एवं गैर सरकारी संगठन प्रमुखता से भाग ले रहे है, इसी कड़ी में जाने माने कवि डॉ कुमार विश्वास भी अपना सहयोग दे रहे है। कुमार विश्वास अपने टीम की मदद से गांव गांव तक सहयोग पहुंचाने का काम कर रहे है जिसमें वह कोविड केयर किट को लोगों तक भेजते है।
उत्तरप्रदेश के सैकड़ों गावों तक अपने कोविड केयर सेंटर को खुलवाने के बाद बिहार के ग्रामीणों से अनुरोध मिलने पर उनकी टीम द्वारा वहां तुरंत कोविड केयर सेंटर खुलवाए जा रहे हैं तथा ग्रामीणों के बीच कोरोना केयर किट के ज़रिए सभी आवश्यक दवाएं पहुंचाई जा रही हैं। बिहार के कई जिलों के कई एक गावों में कोविड केयर सेंटर खुलवा दिए हैं।
बिहार तो परहित के विचार का प्राचीनतम पोषक है।आज हमारी बारी है।आज शाम तक आपके गाँवों में कोविड केयर किट पहुँच जाएँगी।पटना में तो चार दिन पहले ही मंगा ली थीं, बारिश, दूरी व साधनों की न्यूनता के कारण देरी हुई।गाँववालों से क्षमा सहित आरोग्य की शुभकामनाएँ ❤️🙏 #लड़ेंगे_जीतेंगे 🇮🇳 https://t.co/DAZJXOdVIe
— Dr Kumar Vishvas (@DrKumarVishwas) May 31, 2021
कुमार विश्वास ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर इन गावों में खोले गए कोविड केयर सेंटरों के बारे में जानकारी शेयर किया, उन्होंने लिखा कि “बिहार व बिहारवासी मेरी आत्मा का स्पंदन हैं। राष्ट्रपति राजेंद्र बाबू के ज़िले सिवान की सेवा का सौभाग्य मिलना ईश्वरीय कृपा है। उन्होंने लिखा कि पटना सेंटर से “कोविड केयर किट” रवाना कर दी गई है। शाम तक सेंटर खुल जाएगा।”
पहले राष्ट्रपति डॉ राजेंद्र प्रसाद के गांव की तरह मशहूर साहित्यकार फणीश्वरनाथ रेणु के इलाके के गांव में भी उन्होंने एक सेंटर खुलवाया है।इसके साथ ही कुमार विश्वास ने अररिया, रोहतास, मुजफ्फरपुर और सिवान जिले के गांवों में कोविड केयर सेंटर खुलवाए हैं।
गया के भभंडी वजीरगंज गॉंव में कोविड केयर सेंटर पर सक्रिय बिहार की युवता को देखकर क्या कहें ! बस “जिय हो बिहार के लाला !”❤️ ये उत्साह चिर-जीवंत और अधिकतम लोगों के लिए जीवनदायी सिद्ध हो ! 👍🏻👍🏻 @DrKumarVishwas pic.twitter.com/LZTZK7RyDL
— Kumar Vishwas Office (@OfficeOfDKV) May 31, 2021
पटना में मुख्य सेंटर
विश्वास कोविड केयर सेंटर को बिहार के सुदूर गांव तक पहुंचाने के लिए राजधानी पटना में मुख्य सेंटर बनाया गया है, इस सेंटर पर जरूरी संसाधन जुटाए जा रहे हैं जिसके बाद अलग अलग गांव में सामग्री भेजी की जाती है। इस सेंटर को स्थानीय सामाजिक संगठनों, युवा कार्यकर्त्ता और मेडिकल स्टाफ की मदद से संचालित किए जा रहे हैं।

