क्या चोट बस बाहाना है? इस वजह से चेन्नई से बाहर हुए है जडेजा! फ्रेंचाइजी ने किया खुलासा
आईपीएल का यह सीजन दोनों बड़ी टीमों के लिए किसी बुरे सपने से काम नहीं रहा है, दोनों सफल टीमें चेन्नई और मुंबई इस वक्त अंक तालिका में निचले पायदान पर है। गत चैम्पियन चेन्नई सुपरकिंग्स के प्रदर्शन के साथ टीम में भी शायद सब कुछ ठीक नहीं है।
सोशल मीडिया पर मचा घमासान
बुधवार रात चेन्नई सुपर किंग्स ने रविंद्र जडेजा के आईपीएल 2022 से बाहर होने की अधिकारिक घोषणा की, इस खबर के चंद घंटो बाद सोशल मीडिया पर बातें चलने लगी कि सीएसके और रविंद्र जडेजा के बीच तकरार हुई है। हालांकि फ्रेंचाइजी ने अधिकारिक बयान में जडेजा की पसली में चोट को टूर्नामेंट से बाहर होने का कारण बताया है।
रिपोर्ट्स की माने तो सौराष्ट्र के क्रिकेटर को चेन्नई सुपर किंग्स ने अपने इंस्टाग्राम और ट्विटर हैंडल पर अनफॉलो कर दिया है, जिसने दोनों पक्षों के बीच संभावित दरार की अफवाहों को और हवा दी।
चोटिल है जडेजा
हालाँकि CSK के CEO काशी विश्वनाथन ने इस मुद्दे पर मीडिया से खुलकर बात कि है, उन्होंने कहा, “रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर के खिलाफ मैच में उन्हें चोट लग गई थी. जिसके बाद वह दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ मैच नहीं खेले थे. मेडिकल सलाह पर यह तय किया गया कि वह इस आईपीएल में आगे भाग नहीं ले सकते. वह वापस घर जा रहे हैं. उन्हें रिलीज कर दिया गया है.”
This is the reason why reports claiming that Ravindra Jadeja ruled out of the remainder of IPL 2022 due to an injury #RavindraJadeja #IPL2022https://t.co/9Ld75WaN8c
— 🅒🅡🅘︎🅒︎🄲🅁🄰🅉🅈𝗠𝗥𝗜𝗚𝗨™ 🇮🇳❤️ (@MSDianMrigu) May 11, 2022
सोशल मीडिया को लेकर काशी विश्वनाथन ने कहा, “मैं सोशल मीडिया फॉलो नहीं करता. मुझे इसकी जानकारी नहीं है कि वहां पर क्या चल रहा है. मैं आपको बता सकता हूं कि प्रबंधन की तरफ से कोई समस्या नहीं है. सोशल मीडिया पर जो कुछ भी है मुझे पता नहीं. लेकिन जडेजा भविष्य में सीएसके की योजना में मजबूती से शामिल हैं.”
पिछले 10 सालों से टीम के अहम् सदस्य
मालूम हो कि रविंद्र जडेजा पिछले 10 वर्षों से फ्रैंचाइज़ी के एक महत्वपूर्ण सदस्य रहे हैं और आईपीएल 2022 के लिए टीम के सबसे महंगे खिलाड़ी के रूप में उभरे, जब फ्रैंचाइज़ी ने उन्हें 16 करोड़ रुपये की बड़ी राशि के लिए रिटेन किया।
जडेजा को आईपीएल 2022 शुरू होने से पहले चेन्नई सुपर किंग्स का कप्तान बनाया गया था। सीजन के दौरान टीम के निराशाजनक प्रदर्शन के बाद जडेजा ने कप्तानी छोड़ दी और बीच सीजन में धोनी ने फिर से सीएसके की कमान संभाली। कप्तानी के दबाव में जडेजा बल्ले और गेंद से भी फ्लॉप रहे।

