BPSC: बिना कोचिंग पहले प्रयास में टॉपर बने अनुराग, इंटरनेट और सोशल मीडिया को बनाया हथियार
बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) ने ने 64वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा की फाइनल रिजल्ट जारी कर दिया है, फाइनल रिजल्ट में 1454 अभ्यर्थियों का चयन हुआ है। टॉपर्स की लिस्ट दरभंगा जिला के लक्ष्मीसागर के रहने वाले अनुराग आनंद तीसरे स्थान पर है जिन्हें पहली ही प्रयास में सफलता मिली है।
अनुराग के पिता पिता विजय कुमार झा SBI के लहेरियासराय सीएई ब्रांच के मैनेजर है वहीं उनकी मां इंदु झा हाउस वाइफ हैं। उनका परिवार लक्ष्मी सागर में ही रहता है।
अनुराग के रिजल्ट के बाद उनके परिवार में ख़ुशी का माहौल है, अनुराग की शुरुआती शिक्षा दरभंगा के DAV स्कूल पूरी हुई जहाँ से फिर आगे की पढ़ाई के रांची से किया। रांची के विद्या मंदिर स्कूल से बारहवीं के बाद दिल्ली गए जहाँ से 2016 में आइआईटी से बीटेक किया और फिर अपनी तैयार में जुट गए।
यूपीएससी में हुए असफल
अनुराग ने अपनी तैयारी यूपीएससी को फतह करने के हिसाब से शुरू किया था, उन्होंने दो बार यूपीएससी मेन की परीक्षा दी लेकिन वो सफल नहीं हो पाए लेकिन अनुराग ने हिम्मत नहीं हारा और अपना ध्यान बीपीएससी पर केंद्रित कर दिया और आख़िरकार पहली बार में ही तीसरा स्थान प्राप्त कर लिया है।

इंटरनेट को बनाया हथियार
अनुराग ने बिना कोचिंग किए इस सफलता को हासिल किया है, उसने बताया कि इंटरनेट और सोशल मीडिया साइट्स के माध्यम से स्टडी मैटेरियल प्राप्त किया। इंडिया में इंटरनेट की क्रांति आने से कम खर्च में पढ़ाई कर पाना संभव हो पाया है। उन्होंने सोशल साइट के माध्यम से पढ़ाई कर ये दिखा दिया कि ऑनलाइन और घर बैठे भी खूब मेहनत की जाए तो सफलता जरूरी मिलती है।

