बिहार के एक और जिले से जल्द उड़ेंगे विमान, हवाई अड्डे के लिए सौंपी गयी भूमि
पूर्णिया के जिलाधिकारी राहुल कुमार ने कहा है कि बिहार सरकार के नागरिक उड्डयन निदेशालय को जरूरी भूमि सौंप दी गयी है। भूमि अधिग्रहण का काम पूरा हो गया है।
नागरिक उड्डयन निदेशालय को सौंपी गयी भूमि
पूर्णिया के जिलाधिकारी राहुल कुमार ने ट्वीट कर कहा है कि राजस्व विभाग द्वारा हमारी सिफारिशों को मंजूरी मिलने के बाद हमने पूर्णिया हवाई अड्डे के लिए आवश्यक भूमि नागरिक उड्डयन निदेशालय, बिहार सरकार को सौंप दी है। भूमि अधिग्रहण का काम अब पूरा हो गया है।
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सुनवाई के बाद राजस्व विभाग को भेजी गयी रिपोर्ट
इससे पहले उन्होंने बताया था कि पूर्णिया में हवाई अड्डे के लिए भूमि अधिग्रहण से संबंधित सभी 45 मामलों की सुनवाई पूरी कर ली गयी है।

इसके बाद राजस्व विभाग को अनुशंसाओं के साथ रिपोर्ट भेजी जायेगी। यहां से मंजूरी मिलने के बाद नागरिक उड्डयन निदेशालय को जमीन सौंपी जायेगी।
भागलपुर में हवाई अड्डे के लिए एयरलाइंस कर चुकी है सर्वे
मालूम हो कि इससे पहले भागलपुर में हवाई अड्डे का रास्ता साफ हो चुका है। भागलपुर में हवाई अड्डे का सर्वे राइप एयरलाइंस कर चुकी है।
साथ ही हवाई अड्डे पर ट्रायल के लिए तीन मई को राइप एयरलायंस विमान उतरेगा। मालूम हो कि अभी बिहार के पटना, गया और दरभंगा से विमान सेवा की उड़ान की जा रही है।
भूमि अधिग्रहण पूरा होने से प्रशस्त हुआ मार्ग
पूर्णिया में हवाई अड्डे की राह में सबसे बड़ा रोड़ा भूमि अधिग्रहण का रहा। भूमि अधिग्रहण का काम पूरा होने और राजस्व विभाग द्वारा सिफारिशों की मंजूरी मिलने के बाद पूर्णिया से विमान सेवा शुरू करने का मार्ग प्रशस्त हो गया है।

मालूम हो कि पूर्णिया में हवाई अड्डे को लेकर मिथिला स्टूडेंट यूनियन ने भी अभियान चलाया था।
साल 2016 में नरेंद्र मोदी ने किया था एलान
पूर्णिया से विमान सेवा शुरू करने का ऐलान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साल 2016 में ही किया था। इसके लिए 52 एकड़ जमीन की जरूरत थी।
इसके लिए भूमि का अधिग्रहण किया जाना था। लेकिन, मामला कोर्ट में लंबित रहने के कारण भूमि अधिग्रहण में समय लगा। पूर्णिया से विमान सेवा शुरू होने से पूर्वी बिहार और सीमांचल के लोगों को काफी फायदा होगा।

