बिहार की दस वर्षीय बेटी तेजस्वी प्रियांशी की उपलब्धि, इनकी लिखी कविता पहुंची ओएमजी बुक ऑफ़ रिकॉर्ड में

Achievement of ten year old daughter of Bihar Tejashwi Priyanshi

बिहार के सीतामढ़ी शहर के प्रतापनगर मोहल्ले की पांचवीं कक्षा की छात्रा तेजस्वी प्रियांशी की लिखी रचना ओएमजी बुक आफ रिकॉर्ड में शामिल हुई है। सेंट मेरी कान्वेंट स्कूल की प्रधानाचार्या सिस्टर जीवन और विद्यालय प्रबंधन अपनी छात्रा तेजस्वी प्रियांशी की उपलब्धि पर गौरवान्वित हैं। छात्रा तेजस्वी शिक्षिका सह लेखिका प्रियंका कुमारी एवं अधिवक्ता अखिलेश कुमार झा की सुपुत्री है।

उत्तराखंड स्थित प्राची डिजिटल पब्लिकेशन ने भारत सरकार द्वारा मनाए जा रहे ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ से प्रेरित होकर कविता संग्रह ‘भारत@ 75’ देशभक्ति की भावनाओं से ओत-प्रोत उत्कृष्ट संकलन प्रकाशित किया गया है। जिसके दूसरे भाग में तेजस्वी प्रियांशी की रचना को स्थान मिला है।

Tejashwi Priyanshi a class 5th student
पांचवीं कक्षा की छात्रा तेजस्वी प्रियांशी

मां के बाद बेटी को मिली यह उपलब्धि

‘भारत@75’ का संकलन अपने आप में एक अंनूठा संकलन है क्योंकि इसमें संपूर्ण भारत के नामचीन 75 रचनाकारों की उत्कृष्ट 75 रचनाएं शामिल की गई है। पूरे देश से हजारों रचनाएं भेजी गई थी। लेकिन केवल ऐसी रचनाओं को शामिल किया गया है, जिनमें देशभक्ति, देश के प्रति गहरी श्रद्धा झलकती है।

आपको बताते चलें कि इस पुस्तक के प्रथम भाग में तेजस्वी प्रियांशी की माता शिक्षिका प्रियंका का भी चयन किया गया था। मां के बाद बेटी की यह उपलब्धि जिले सहित बिहार के लिए गर्व का विषय है।

Tejashwi Priyanshis composition entered OMG Book of Records
तेजस्वी प्रियांशी की लिखी रचना ओएमजी बुक आफ रिकॉर्ड में शामिल हुई

ओएमजी बुक ऑफ रिकॉर्ड में दर्ज हुई राष्ट्रीय उपलब्धि

गौरव की बात है कि मात्र दस वर्ष की उम्र में तेजस्वी प्रियांशी को यह उपलब्धि हासिल हुई है। पांच दिन के अंदर पुस्तक बनाने का अनूठा रिकॉर्ड भी प्राची डिजिटल पब्लिकेशन द्वारा बनाया गया है, जिसके लिए इस पुस्तक को ओएमजी बुक औफ रिकॉर्ड में दर्ज कर राष्ट्रीय उपलब्धि दर्ज की गई।

Bharat@75 book
भारत@75 पुस्तक

तेजस्वी की रचना ‘गर्व करने को बनी है भारत भूमि मेरी ’ राष्ट्र के प्रति प्रेम भावना, श्रद्घा और विश्वास के सामंजस्य के साथ साथ सभी देशवासियों के त्याग की महत्व को दर्शाता है।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को भेंट की गई पुस्तक

यह जरूरी नहीं है कि देश के प्रति अपना प्रेम और समर्पण दिखलाने के लिए सीमा पर जाएं, अपने देश की सेवा हम सामाजिक जीवन जीते हुए श्रद्घा और विश्वास के साथ अपने कर्तव्यों का निष्ठापूर्वक पालन कर सकते हैं। और यही ‘भारत@75’ पुस्तक में किया गया है। यह पुस्तक प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को भेंट की गई है।