बिहार में सोने की कीमतों में फिर आया भारी उछाल, जानें क्या है आज का रेट

6 October 2022: इंटरनेशनल मार्केट में सोने-चांदी (Gold-Silver) की कीमत में उतार-चढ़ाव लगातार बना हुआ है, भारतीय बाजार में एक बार फिर से सोने के भाव में बढ़ोतरी दर्ज की गई है. जिसका असर बिहार में देखने को मिला है।

बिहार में सोने के भाव में बढ़ोतरी हुई है. पटना में 10 ग्रााम 22 कैरेट गोल्ड के रेट में 400 रुपये की बढ़ोतरी हुई है. आज 10 ग्रााम 22 कैरेट गोल्ड का रेट 47,780 है. वहीं 10 ग्राम 24 कैरेट सोने के भाव में 440 रुपये की बढ़ोतरी हुई है. आज 10 ग्राम 24 कैरेट सोने का भाव 52, 130 है।

सोने के बारे में अहम जानकारियां

आमतौर पर हम जिस ज्वेलरी को पहनते है उसे शुद्ध सोने से नहीं बनाया जाता है बल्कि उसे बनाने के लिए 22 कैरेट के सोने का इस्तेमाल किया जाता है। सोने से बनी ज्वेलरी पर हॉलमार्क लगाना अनिवार्य है जिससे उस सोने की शुद्धता का पता लग सके। वैसे तो 24 कैरेट का सोना पूरी तरह से शुद्ध होता है जिसके लिए हॉलमार्क का 999 अंक दर्ज होगा। हालांकि, 24 कैरेट सोने से ज्वेलरी नहीं बनती है।

आमतौर पर जो भी ज्वेलरी बनती है वह 22 कैरेट की ज्वेलरी होती है, 22 कैरेट वाली ज्वेलरी पर 916 लिखा होता है, 21 कैरेट की ज्वेलरी पर 875 लिखा होता है। 18 कैरेट की ज्वेलरी पर 750 लिखा होता है तथा 14 कैरेट की ज्वेलरी होगी तो उसमें 585 लिखा रहता है।

कौन सा सोना कितना शुद्ध ?

  • 24 कैरेट का सोना 99.9 फीसदी
  • 23 कैरेट का सोना 95.8 फीसदी
  • 22 कैरेट का सोना 91.6 फीसदी
  • 21 कैरेट का सोना 87.5 फीसदी
  • 18 कैरेट का सोना 75 फीसदी
  • 17 कैरेट का सोना 70.8 फीसदी
  • 14 कैरेट का सोना 58.5 फीसदी
  • 9 कैरेट का सोना 37.5 फीसदी

24 और 22 कैरेट गोल्ड में क्या फर्क होता है ?

बता दें कि 24 कैरट वाले गोल्ड को प्योरेस्ट गोल्ड कहते हैं. इसमें किसी प्रकार की दूसरे धातु की मिलावट नहीं होती है. इसे 99.9 प्रतिशत शुद्धता का गोल्ड कहा जाता है. 22 कैरेट के गोल्ड में 91.67 प्रतिशत प्योर गोल्ड होता है. वहीं, 21 कैरेट गोल्ड में 87.5 प्रतिशत प्योर गोल्ड होता है. 18 कैरेट में 75 प्रतिशत प्योर गोल्ड होता है।

ग्राहक खरीददारी के समय रखें इन बातों का ध्यान

ग्राहक सोना बहुत ध्यान से खरीदें. इस दौरान सोने की गुणवत्ता का ध्यान बहुत जरूरी है. कस्टमर हॉलमार्क का निशान देखकर ही सोने की खरीदारी करें. सभी कैरेट का हॉलमार्क नंबर अलग होता है।

हॉलमार्क सोने की सरकारी गारंटी है और ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड (BIS) हॉलमार्क का निर्धारण करती है. हॉलमार्किंग योजना भारतीय मानक ब्यूरो अधिनियम के तहत संचालन, नियम और रेग्युलेशन का काम करती है।